फ़िक़्ह क्या है?
फ़िक़्ह या इस्लामी विधिशास्त्र इस्लाम की एक मौलिक शाखा है। यह कुरआन और सुन्नत के प्रकाश में मुसलमानों के दैनिक जीवन, इबादत, लेन-देन और …
फ़िक़्ह या इस्लामी विधिशास्त्र इस्लाम की एक मौलिक शाखा है। यह कुरआन और सुन्नत के प्रकाश में मुसलमानों के दैनिक जीवन, इबादत, लेन-देन और …
फ़रिश्तों को नूर (प्रकाश) से बनाया गया है। पैगंबर मुहम्मद (ﷺ) ने फ़रमाया: “फ़रिश्तों को नूर से पैदा किया गया, जिन्नों को धुएँ रहित …
जिब्रील (अ.) अल्लाह के सबसे महान एवं प्रमुख फ़रिश्तों में से एक हैं। उनका मुख्य कार्य अल्लाह की वही (प्रकाशना) नबियों तक पहुँचाना था। …
अल्लाह तआला को सही रूप से जानने और उन पर पूर्ण ईमान रखने के लिए उनके गुणों (सिफात) का ज्ञान अत्यंत आवश्यक है। अल्लाह …
कुरआन अल्लाह का प्रत्यक्ष वचन (कलामुल्लाह) है, जो फ़रिश्ता जिब्रील (अ.स.) के माध्यम से पैगंबर मुहम्मद (ﷺ) पर अवतरित हुआ। हदीस पैगंबर मुहम्मद (ﷺ) …
कियास (अरबी: قياس) इस्लामी कानून (फ़िक़्ह) का चौथा प्रमुख स्रोत है। इसका अर्थ है किसी नए मसले का हुक्म उस पुराने मसले के आधार …
पवित्र कुरआन अरबी भाषा में इसलिए अवतरित हुआ क्योंकि पैगंबर मुहम्मद (ﷺ) अरब में भेजे गए थे और उनकी क़ौम की भाषा अरबी थी। …
इज्तिहाद (अरबी: اجتهاد) इस्लामी विधिशास्त्र की वह प्रक्रिया है, जिसके माध्यम से एक योग्य विद्वान (मुज्तहिद) कुरआन, सुन्नत, इजमा और कियास जैसे शरई स्रोतों …
पवित्र कुरआन में सजदा तिलावत की कुल 15 आयतें मानी जाती हैं। जब कोई मुसलमान इन आयतों को पढ़ता या सुनता है, तो उसके …